नोएडा खबर

खबर सच के साथ

नोएडा: जनता का बिजली विभाग से सवाल, क्यों है शहर का ढांचा जर्जर ?, कब सुधरेगा सिस्टम ?

1 min read

नोएडा, 4 अगस्त।
नोएडा शहर की बिजली व्यवस्था को बेहतर बनाने को लेकर फेडरेशन ऑफ नोएडा रेसिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (फोनरवा) ने यूपीपीसीएल के अधिकारियों के साथ गुरुवार को फोनरवा कार्यालय में बैठक की हुई । इस बैठक में अधीक्षण अभियंता संजीव वैश्य, सभी अधिशासी अभियंता,एसडीओ एवं 60 से अधिक आरडब्ल्यूए के पदाधिकारी उपस्थित थे।

ज्यादातर सेक्टरों के पदाधिकारियों की शिकायत थी कि उनके यहां ट्रांसफार्मरों, लाइनों, जंग खाए हुए खंभों, बेकार फीडर जंक्शन/पैनल बॉक्स,मीटर बॉक्स आदि की हालत काफी खराब है। अभी हाल ही में सेक्टरों में कुछ कार्य हुए हैं लेकिन अभी बहुत से कार्य होने बाकी हैं।
सबसे अधिक समस्या सेक्टरों में आये दिन घरों में फ्लकचुएशन होना है जिसके कारण लोगों के घरों के उपकरण फूंक रहे हैं । इसके अलावा सेक्टरों में बिजली की आपूर्ति लम्बे समय के लिए अवरुद्ध रहती है।
अतः बिजली की सुचारू सप्लाई के लिए आवश्यक है कि इन उपकरणों को जल्दी से जल्दी बदला जाए । ट्रांसफार्मर के ऊपर अधिक लोड होना, बार-बार बिजली का जाना, ट्रांसफार्मर में ऐसीबी इक्विपमेंट न लगने से पूरे सेक्टर की बिजली बंद होना, बार-बार बिजली का जाना आदि समस्याओं से अवगत कराया ।
श्री योगेन्द्र शर्मा ने बताया कि नोएडा शहर में बिजली की समस्या लगातार बढ़ रही है अतःबिजली आपूर्ति में सुधार के लिए प्रभावी उपाय सुनिश्चित करने की तत्काल आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि हल्की सी बरसात या हवा चलने पर बिजली की आपूर्ति बंद कर दी जाती है। थोड़ी सी आँधी चलने से तार टूट जाते हैं। जिससे सेक्टरों में घंटो बिजली की आपूर्ती बंद रहती है। उन्होंने कहा कि इसका हल सिर्फ बिजली की केवल भूमिगत की जाये। तभी इस समस्या का समाधान होगा।
महासचिव के के जैन ने कहा कि बिजली विभाग सेक्टरों में पुराने ट्रांसफार्मरों, लाइनों, जंग खाए हुए खंभों, बेकार फीडर जंक्शन/पैनल बॉक्स,मीटर बॉक्स जिनकी हालत काफी खराब है उनको प्राथमिकता के आधार पर बदले जिससे इनके द्वारा होने वाले फॉल्ट से बार बार सेक्टरों में बिजली जाने में कमी आएगी ।
अधीक्षण अभियंता संजीव वैश्य ने बताया की वर्ष 2023 -24 के लिए हमें 26 करोड रुपए का फंड मिला था। इसके अंतर्गत सेक्टर में पैनल बॉक्स, पुराने खंबे,मीटर बॉक्स, एलटी लाइन व एसीबी, एलटी एक्सएलपीई केबल को बदलना आदि कार्य किए जा रहे है । लगभग 50% कार्य पूरा हो चुका है बाकी दो महीने में पूरा कर लिया जाएगा। इसके अलावा उत्तर प्रदेश सरकार की नगर महापालिका स्कीम के तहत 72 करोड रुपये स्वीकृति किए इसके अंतर्गत ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाने,क्षतिग्रस्त/जार जार पीसीसी/स्टील पोल का प्रतिस्थापन,जार जार एलटी केबल (एबीसी) का प्रतिस्थापन, 33/11 केवी सबस्टेशन पर 11 केवी वीसीबी का प्रतिस्थापन,वितरण ट्रांसफार्मर पर एलटी एसीबी प्रदान करना (पूरे फिडर को खराब होने से बचाना),वितरण ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाना,अतिरिक्त वितरण ट्रांसफार्मर की स्थापना (नया) आदि कार्य किए जाएंगे। यह सभी कार्य मार्च 2024 तक पूरे कर लिए जाएंगे। इसके अलावा हमें लगभग 30 करोड़ों रुपए और स्वीकृत किए गए हैं इसको हम आरडब्ल्यू के पदाधिकारियों से प्राप्त समस्यों और सुझाव के आधार पर प्राथमिकता से पूरे किए जाएंगे । उन्होंने कहा के इन कार्यों के पूरा होने के बाद नोएडा की बिजली की समस्या काफी हद तक ठीक हो जाएगी ।

इस अवसर पर अध्यक्ष योगेंद्र शर्मा , महासचिव के के जैन , अशोक मिश्रा , विजय भाटी , पवन यादव , उमाशंकर शर्मा , प्रदीप वोहरा , श्रीमति अंजना भागी , अशोक कुमार शर्मा , जयपाल सिंह , हीरा लाल गुप्ता , सुमित कश्यप , एम. पी बर्थवाल , एल.ओ. पी करन , श्रीमती यू. डी शर्मा , आनंद चौहान , आर. के उप्रेती , वीरेंद्र सिंह नगरकोटी ,अशोक कुमार , कोसिन्दर यादव , ए. के पाठक , श्रीमति रूमा हासन , प्रवीन सिंह , रोहित घई, अमित चौहान , एच. एम ध्यानी , रमेश शर्मा , सतीश पांडे , विजेंद्र कुमार , डॉ उमेश शर्मा , सुशील शर्मा, टी सी गौर , गोविंद शर्मा , राजीव शर्मा , एन. शर्मा , रंजन कुमार सिंह , अमन चौधरी , लक्ष्मी नारायण , एन. के सोलंकी , संजय शुक्ला , राजेश , बिपुल, राजेश यादव ,रामकिशोर यादव , टी. एस अरोरा, अशोक शर्मा , सुखबीर सिंह , रमेश यादव , विनोद शर्मा , भूषण शर्मा , रामपाल भाटी , रामयेश यादव , दीपक शर्मा , एम. पी शर्मा , अनुज कुमार, सुनील गंभीर आदि बड़ी संख्या में आरडब्लूए के पदाधिकारी व बिजली विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।

 7,244 total views,  2 views today

More Stories

Leave a Reply

Your email address will not be published.

साहित्य-संस्कृति

चर्चित खबरें

You may have missed

Copyright © Noidakhabar.com | All Rights Reserved. | Design by Brain Code Infotech.