दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड ऐसे पेट्रोल और डीजल वाहन दिल्ली में प्रवेश नहीं कर पाएंगे, जो BS-VI उत्सर्जन मानकों को पूरा नहीं करते। इसमें BS-III और BS-IV श्रेणी के निजी और व्यावसायिक वाहन शामिल हैं। अनुमान के मुताबिक, गुरुग्राम, फरीदाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद में 10 लाख से अधिक ऐसे वाहन हैं, जो इस प्रतिबंध से प्रभावित हो सकते हैं।किन्हें मिलेगी छूट?
- CNG और इलेक्ट्रिक वाहनों को पूरी छूट रहेगी।
- एंबुलेंस, दमकल गाड़ियां और आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को भी प्रवेश की अनुमति रहेगी।
- दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड BS-VI मानक वाले वाहन प्रवेश कर सकेंगे।
- दिल्ली में रजिस्टर्ड वाहनों पर यह विशेष रोक लागू नहीं होगी। हालांकि, उन पर अन्य प्रदूषण संबंधी नियम लागू रहेंगे।
निगरानी कैसे होगी?
दिल्ली के बॉर्डरों पर AI कैमरों और ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) सिस्टम से वाहनों की निगरानी की जाएगी। नियम का उल्लंघन करने वाले वाहनों को बॉर्डर से ही वापस भेज दिया जाएगा।इसके अलावा, दिल्ली में ‘No PUC, No Fuel’ नियम भी लागू किया जा रहा है। वैध प्रदूषण अंडर कंट्रोल (PUC) सर्टिफिकेट के बिना पेट्रोल-डीजल नहीं मिलेगा।नोएडा, ग्रेटर नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद से रोजाना दिल्ली आने वाले वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि वे अपने वाहन का उत्सर्जन मानक (Emission Norms) पहले से चेक कर लें, ताकि परेशानी से बचा जा सके।
