मेटा ने लॉन्च किए पेड सब्सक्रिप्शन प्लान: अब इंस्टाग्राम, फेसबुक और वॉट्सऐप यूज करने के लिए भी लगेंगे पैसे
अलर्ट न्यूज: आंधी-तूफान और वज्रपात का खतरा ! गौतमबुद्धनगर में 29 मई को सबसे ज्यादा असर, दामिनी और सचेत ऐप डाउनलोड कर लें
स्पेशल स्टोरी: नोएडा प्राधिकरण की सुस्ती से मानसून बन सकता है खतरा: सड़कें गड्ढों से भरी, नाले अब भी गंदगी से लबालब
गौतमबुद्धनगर में आरडब्ल्यूए और ग्रुप हाउसिंग सोसायटियों में सोलर रूफटॉप अनिवार्य, मिलेगा 90 लाख तक अनुदान
यूपी में वर्टिकल व्यवस्था और शीर्ष प्रबंधन की मनमानी से प्रदेश की बिजली व्यवस्था ध्वस्त — जनता त्राहि-त्राहि कर रही है-शैलेन्द्र दुबे

भारतीय किसान परिषद की नोएडा प्राधिकरण के सीईओ के साथ बैठक, किसानों के मुद्दों पर हुई चर्चा

नोएडा। (नोएडा खबर डॉट कॉम)
भारतीय किसान परिषद के प्रतिनिधिमंडल की एक महत्वपूर्ण बैठक मंगलवार को सेक्टर 29 स्थित एनएमआरसी कार्यालय में नोएडा प्राधिकरण के सीईओ डॉ लोकेश एम के कार्यालय में आयोजित हुई। बैठक में नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी लोकेश एम , अपर मुख्य कार्यपालक अधिकारी संजय खत्री, ओएसडी क्रांति शेखर और डीजीएम विजय रावल उपस्थित रहे। इस दौरान किसानों की समस्याओं पर विस्तृत चर्चा हुई और कई अहम मुद्दों पर प्रगति का आश्वासन दिया गया।
प्रमुख मुद्दे और आश्वासन:
किसानों की आबादी का निस्तारण: बैठक में किसानों की आबादी के पूर्ण निस्तारण के लिए 5क, 5ख, और 5ग के तहत खतौनी में नाम दर्ज करने का मुद्दा उठाया गया। मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने आश्वासन दिया कि नए जिलाधिकारी के हस्ताक्षर के साथ यह प्रक्रिया एक माह के भीतर पूरी की जाएगी।
विकसित भूखंडों का आवंटन: सेक्टर-146 में लंबित विकसित भूखंडों को नियोजित कर आवंटन पत्र जारी करने की मांग की गई। सीईओ ने बताया कि मानचित्र तैयार हो चुका है और एक माह के भीतर भूखंडों को नियोजित कर आवंटन पत्र जारी करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
अतिक्रमण के नाम पर लंबित भूखंड: पांच प्रतिशत मूल भूखंडों को अतिक्रमण के नाम पर लंबित रखने का मुद्दा उठाया गया। सीईओ ने तीन महीने के भीतर कमेटी से अनुमोदन कर नियोजन विभाग को भेजने का वादा किया।
हाई पावर कमेटी की सिफारिशें: किसानों ने हाई पावर कमेटी की सिफारिशों को लागू करने की मांग की। इस पर सीईओ ने प्रमुख सचिव (औद्योगिक) से शीघ्र वार्ता कर गवर्नमेंट ऑर्डर जारी करवाने का आश्वासन दिया।

किसानों का रुख: भारतीय किसान परिषद ने स्पष्ट किया कि यदि प्राधिकरण किसानों के कार्यों को सुचारू रूप से आगे बढ़ाता रहेगा, तो परिषद सहयोग के लिए तैयार रहेगी। हालांकि, यदि कार्यों में रुकावट आई, तो परिषद किसानों के हक और अधिकारों की लड़ाई के लिए मैदान में उतरने को तैयार है।बैठक में प्राधिकरण अधिकारियों ने किसानों के मुद्दों को प्राथमिकता के साथ निपटाने का भरोसा दिलाया। परिषद के नेता सुखबीर खलीफा ने इसे सकारात्मक कदम बताते हुए नारा दिया, “जय जवान, जय किसान का नारा दिया।

Loading

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *