फेडरेशन ऑफ नोएडा रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (फोनरवा) ने नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी को पत्र लिखकर पेयजल सुरक्षा को सुनिश्चित करने और पुरानी सीवर लाइनों के स्थायी सुधार की मांग की है। यह मांग हाल ही में इंदौर में सीवेज लीकेज से दूषित पेयजल आपूर्ति की घटना के मद्देनजर की गई है, जिसमें कई लोगों की मौत हुई और सैकड़ों बीमार पड़ गए।
फोनरवा के महासचिव के.के. जैन ने कहा कि इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दिसंबर 2025 के अंत में सीवेज का पानी पेयजल पाइपलाइन में मिलने से गंभीर स्वास्थ्य संकट पैदा हुआ। इस घटना में आधिकारिक तौर पर कई मौतें हुईं और हजारों लोग प्रभावित हुए, जिसने देशभर के शहरी प्राधिकरणों को चेतावनी दी है।
उन्होंने बताया कि नोएडा प्राधिकरण सामान्य रूप से जल आपूर्ति में सावधानी बरतता है, लेकिन शहर के पुराने सेक्टरों में सीवर लाइनों की समस्याएं अभी भी गंभीर हैं। कई क्षेत्रों में पुरानी और क्षतिग्रस्त सीवर लाइनों से लगातार लीकेज हो रहा है, जिससे पेयजल दूषित होने का खतरा बना हुआ है। हालांकि कुछ समस्याओं का समाधान किया गया है, लेकिन कई सेक्टरों में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
फोनरवा ने प्राधिकरण से अनुरोध किया है कि:
बार-बार लीकेज वाली पुरानी सीवर लाइनों को प्राथमिकता पर बदला जाए।
सीवर और जल आपूर्ति से जुड़ी सभी लंबित समस्याओं का शीघ्र एवं स्थायी समाधान किया जाए।
हर जल आपूर्ति टैंक से सुबह और शाम पानी की नियमित जांच अनिवार्य रूप से कराई जाए।
के.के. जैन ने कहा, “इन कदमों से किसी भी संभावित स्वास्थ्य आपदा को रोका जा सकेगा और नोएडा के लाखों नागरिकों का स्वास्थ्य सुरक्षित रहेगा। इंदौर की घटना हमें सतर्क करती है कि लापरवाही की कोई गुंजाइश नहीं है।”नोएडा में पुराने सेक्टरों में सीवर ओवरफ्लो और लीकेज की शिकायतें लंबे समय से आ रही हैं। फोनरवा का कहना है कि समय पर कार्रवाई से ऐसी त्रासदी को टाला जा सकता है। प्राधिकरण से उम्मीद की जा रही है कि इस पत्र पर त्वरित कार्रवाई होगी।