नोएडा, (नोएडा खबर डॉट कॉम)
कभी-कभी छोटे-छोटे सपने बड़े बदलाव की नींव बन जाते हैं। नोएडा में ठीक यही हो रहा है। जहां लोग अक्सर शिकायत करते दिखते हैं, वहीं कुछ जुनूनी लोग चुपचाप एक्शन मोड में आ गए हैं। उनका नाम है नोएडा लोकमंच का “नोएडा आई केयर” – एक ऐसा अभियान जो शहर को सुंदर, सुरक्षित, स्वच्छ और आकर्षक बनाने का सपना नहीं, बल्कि ठोस संकल्प लेकर आया है।
रविवार, 3 मई को एमिटी यूनिवर्सिटी में इस अभियान का शानदार आगाज होने जा रहा है। और सबसे खास बात – पहली बार दो हजार वॉलंटियर एक साथ उद्घोष करेंगे कि “हम अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे”। सेक्टर 15 स्थित नोएडा पब्लिक लाइब्रेरी में हुई पत्रकार वार्ता में जब नोएडा लोकमंच के महासचिव महेश सक्सेना ने कहा, “छोटे-छोटे प्रयास ही बड़े बदलाव लाते हैं”, तो सारा हॉल तालियों से गूंज उठा। उन्होंने आगे कहा कि यह पहल न सिर्फ शहर की खूबसूरती बढ़ाएगी, बल्कि नागरिकों में सकारात्मक सोच और समाज के प्रति जागरूकता भी पैदा करेगी।
नोएडा लोकमंच के अध्यक्ष एवं इस पहल के सूत्रधार प्रभात कुमार ने स्पष्ट शब्दों में कहा – “यह मंच आम नागरिकों को शहर के विकास से जोड़ते हुए जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करेगा।” उनके चेहरे पर वो आत्मविश्वास था जो तब आता है जब कोई सच्चे दिल से कोई काम शुरू करता है।
अभियान के प्रमुख सदस्य ऋषि प्रताप सिंह ने बताया कि इस पहल के जरिए नोएडा को स्वच्छ, सुरक्षित और जागरूक शहर बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, ट्रैफिक प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण, नागरिक जागरूकता और सामाजिक सहयोग – ये सब मुद्दे अब सिर्फ चर्चा के विषय नहीं रहेंगे, बल्कि सामूहिक एक्शन का हिस्सा बनेंगे।
कार्यक्रम में अब तक एक हजार से ज्यादा वॉलंटियर रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं। बाकी जो ऑनलाइन नहीं कर पाए, वे मौके पर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। सभी के लिए टी-शर्ट की व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम ठीक 10 बजे शुरू होगा।
इस पूरे सफर में जिन लोगों ने अपनी भागीदारी दी, उनका नाम दर्ज होना जरूरी है:विनोद पांडेय, ब्रह्मपाल नागर, डॉ. प्रवीण, प्रभाकर, विकास डब्ल्यू, राजेश्वरी त्यागराजन, एनपी सिंह, रंजन तोमर, पूनम सिंह, सुनीता खटाना, अशोक शर्मा, प्रिंस शर्मा, अमित, दिलीप और अन्य कई सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षाविद्, आरडब्ल्यूए प्रतिनिधि, कॉर्पोरेट और विभिन्न संगठनों के सदस्य।नोएडा आई केयर सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं है – यह एक मूवमेंट है।
यह कहता है कि शहर कोई किसी और का नहीं, हम सबका है।
साफ-सुथरा शहर सिर्फ सुंदरता का प्रतीक नहीं, बल्कि जागरूक नागरिकों, स्वस्थ समाज और सशक्त सभ्यता का प्रतीक होता है।
यह कहता है कि शहर कोई किसी और का नहीं, हम सबका है।
साफ-सुथरा शहर सिर्फ सुंदरता का प्रतीक नहीं, बल्कि जागरूक नागरिकों, स्वस्थ समाज और सशक्त सभ्यता का प्रतीक होता है।

रविवार को एमिटी यूनिवर्सिटी में जब दो हजार वॉलंटियर एक स्वर में नारा लगाएंगे – “मेरा शहर, मेरी जिम्मेदारी” – उस पल न सिर्फ नोएडा बदलेगा, बल्कि हर उस व्यक्ति के अंदर एक नई ऊर्जा जगेगी जो मानता है कि बदलाव खुद से शुरू होता है।आइए, हम सब मिलकर अपनी जिम्मेदारी निभाएं।क्योंकि जब हर नागरिक जिम्मेदार बन जाता है, तब शहर खुद-ब-खुद खूबसूरत हो जाता है।नोएडा आई केयर – क्योंकि हमारा शहर, हमारी पहचान है।
