नोएडा, (नोएडा खबर डॉट कॉम)
ग्राम बरौला में लंबे समय से चली आ रही जलभराव की समस्या और मंगलवार की बारिश में हुए भारी जलभराव को लेकर प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी कृष्णा करुणेश ने नाराजगी जताते हुए कड़ा एक्शन लिया है। जल निकासी व्यवस्था में लापरवाही और विकास कार्यों में शिथिलता को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने तत्काल कड़ी कार्रवाई की है।
मामले की समीक्षा के बाद मुख्य कार्यपालक अधिकारी के निर्देश पर जूनियर इंजीनियर पार्थ राठौड़ और सुपरवाइजर मांगेराम की सेवाएं घोर लापरवाही और काम में शिथिलता के कारण तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गईं। जलभराव की स्थिति पर प्रभावी नियंत्रण न रख पाने के कारण प्रबंधक करण सिंह त्यागी (सिविल) और रमेन्द्र (जल/सीवर) को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है।इसके अतिरिक्त कार्यदायी फर्म मैसर्स वर्म इंडिया पर पांच लाख रुपये की पेनल्टी लगाई गई है। फर्म को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया है कि काम में शिथिलता व लापरवाही के लिए क्यों न उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया जाए।मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने स्पष्ट किया कि जनसमस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी वर्क सर्किल के अधिकारियों और कर्मचारियों को अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि भविष्य में किसी भी क्षेत्र में जलभराव या अन्य मूलभूत समस्याओं का समय पर समाधान नहीं हुआ तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।प्राधिकरण प्रशासन का मुख्य उद्देश्य निवासियों को जलभराव से राहत दिलाना और क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करना है।
